
नर्मदापुरम संवाददाता
थाना कोतवाली के बहुचर्चित हत्या के प्रयास के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी को आखिरकार पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। करीब छह माह से पुलिस की गिरफ्त से बाहर चल रहे आरोपी की गिरफ्तारी को कोतवाली पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम की बड़ी सफलता माना जा रहा है।पुलिस अधीक्षक साई कृष्णा एस. थोटा (IPS) के मार्गदर्शन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभिषेक राजन तथा एसडीओपी जितेंद्र पाठक के निर्देशन में थाना प्रभारी गौरव सिंह बुंदेला के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई।जानकारी के अनुसार, 10 फरवरी 2026 को रेत को लेकर हुए विवाद के बाद मारपीट और हत्या के प्रयास का मामला थाना कोतवाली में दर्ज किया गया था। इस प्रकरण में पुलिस पहले ही पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर जेल भेज चुकी थी, जबकि मुख्य आरोपी राजा बाबू परमार निवासी ग्राम अमोलपथा, करेरा, जिला शिवपुरी घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था।आरोपी की तलाश में कोतवाली पुलिस और साइबर सेल पिछले कई महीनों से लगातार प्रयासरत थी। इस दौरान उसकी लोकेशन, गतिविधियों और संचार माध्यमों का तकनीकी विश्लेषण किया गया। बुधवार, 1 जुलाई 2026 को साइबर सेल से प्राप्त तकनीकी इनपुट और मुखबिर की सटीक सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने योजनाबद्ध घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।गिरफ्तार आरोपी को आवश्यक वैधानिक कार्रवाई के बाद माननीय न्यायालय में पेश किया गया।इस सफल कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक गौरव सिंह बुंदेला, उप निरीक्षक वंशज श्रीवास्तव, आरक्षक गजेंद्र डाडोरे, अविनाशी हारोड़े, धर्मेंद्र परिहार, संदीप यदुवंशी तथा साइबर सेल के आरक्षक जितेंद्र शेषकर की महत्वपूर्ण भूमिका रही।लंबे समय से फरार आरोपी की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस की तकनीकी रणनीति और सतत प्रयासों की जिलेभर में सराहना की जा रही है।
