
(नर्मदापुरम संवाददाता)
ग्रामीणों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने तथा साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से ग्राम पंचायत डोंगरवाड़ा में सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के तत्वावधान एवं आरोह फाउंडेशन के बैनर तले एक दिवसीय वित्तीय साक्षरता सामुदायिक शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर बैंकिंग सेवाओं, डिजिटल लेन-देन और विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी प्राप्त की।कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञों ने ग्रामीणों को सुरक्षित बैंकिंग व्यवहार अपनाने, डिजिटल भुगतान के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों तथा अपनी जमा पूंजी को सुरक्षित रखने के उपाय बताए। साथ ही प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, अटल पेंशन योजना और सुकन्या समृद्धि योजना सहित अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई।शिविर में आर-केवाईसी (R-KYC), बैंक खातों को डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) से जोड़ने तथा बैंक खाते में नॉमिनेशन कराने के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया, जिससे हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके।
बढ़ते साइबर अपराधों को देखते हुए विशेषज्ञों ने ग्रामीणों को ऑनलाइन ठगी से बचाव के उपाय बताए। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी होने पर बिना देर किए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए, जिससे समय रहते कार्रवाई कर आर्थिक नुकसान को रोका जा सके।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के अग्रणी जिला प्रबंधक (एलडीएम) एवं बैंक बीसी सुदामा उपस्थित रहे। विषय विशेषज्ञ के रूप में आरोह फाउंडेशन के ब्लॉक समन्वयक कमलेश गढ़वाल ने विभिन्न योजनाओं की जानकारी देते हुए पात्र हितग्राहियों को उनका लाभ लेने की प्रक्रिया समझाई। शिविर को सफल बनाने में ब्लॉक समन्वयक अंकुर दुबे तथा स्थानीय आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का विशेष सहयोग रहा।
कार्यक्रम की सराहना करते हुए ग्राम पंचायत सचिव ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय साक्षरता समय की आवश्यकता है। ऐसे आयोजनों से लोगों में बैंकिंग के प्रति जागरूकता बढ़ती है और वे साइबर ठगी जैसी घटनाओं से बचने के प्रति भी सतर्क होते हैं। उन्होंने सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया एवं आरोह फाउंडेशन से भविष्य में भी डोंगरवाड़ा पंचायत में इस प्रकार के जागरूकता शिविर नियमित रूप से आयोजित करने की अपील की।
