न्यायाधीश अंजली अग्रवाल ने विद्यार्थियों को बताए कानूनी अधिकार

सिवनी मालवा (पवन जाट)
शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बी जमानी में आयोजित विधिक जागरूकता साक्षरता शिविर में न्यायाधीश श्रीमती अंजली अग्रवाल ने कहा कि विद्यार्थियों के लिए अपना केरियर बनाने हेतु पढ़ाई में आत्मसमर्पण जितना आवश्यक है, उतना ही कानून का ज्ञान भी जरूरी है। उन्होंने छात्र-छात्राओं को उनके अधिकारों और कर्तव्यों की जानकारी देते हुए बताया कि समय के साथ अपराधों के तरीके बदल गए हैं और साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं, इसलिए सजग और सतर्क रहना बेहद आवश्यक है।न्यायाधीश अग्रवाल ने बताया कि शिविर का उद्देश्य विद्यार्थियों को कानून के प्रति जागरूक करना और भविष्य के करियर विकल्पों के लिए मार्गदर्शन देना है। उन्होंने नाबालिगों को अपराधों से दूर रहने, कानून का पालन करने और स्वयं को सुरक्षित रखने की सलाह दी। उन्होंने 14 मार्च को लगने वाली वर्ष की पहली नेशनल लोक अदालत की जानकारी देते हुए कहा कि लोक अदालत में आपसी राजीनामे से प्रकरणों का निराकरण किया जाता है, जिसमें आगे कोई अपील नहीं होती।उन्होंने छात्राओं को गुड टच-बैड टच, पास्को एक्ट, डिजिटल अरेस्ट, लैंगिक अपराधों और निःशुल्क विधिक सहायता की जानकारी दी। साथ ही सड़क सुरक्षा के तहत हेलमेट व सीट बेल्ट के उपयोग पर जोर दिया।इस अवसर पर प्राचार्य अशोक साहू ने कहा कि कानून का ज्ञान व्यक्ति को जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बनाता है। शिविर में शिक्षक-शिक्षिकाओं सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

Spread the love