
नर्मदापुरम संवाददाता-
शहर के बालागंज क्षेत्र में पुरानी शिकायत को लेकर दो बहनों के साथ कथित मारपीट, अभद्रता और आपत्तिजनक वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़िता साक्षी संकट और कसक संकट ने पुलिस अधीक्षक को शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पीड़िताओं के अनुसार, उन्होंने पूर्व में एक Instagram वीडियो को लेकर पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत की थी। इस शिकायत पर कार्रवाई होने के बाद से आरोपी पक्ष उनसे रंजिश रखने लगा। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि 13 अगस्त की रात करीब 12 बजे कुमकुम गुहार, पूजा संकट, शोभा गौहर, कल्लू सौदा, अनुराग गौहर और अभिषेक गौहर उनके घर पहुंचे।
आधी रात को घर से बाहर खींचने का आरोप पीड़िताओं का आरोप है कि दरवाजा खुलते ही आरोपियों ने उन्हें घर से बाहर खींच लिया और झूमा-झटकी करते हुए मारपीट शुरू कर दी। बीच-बचाव करने पहुंची बहन के साथ भी कथित रूप से मारपीट की गई। शोर सुनकर आसपास के लोगों के पहुंचने पर दोनों बहनों को किसी तरह बचाया गया।कपड़े फाड़ने और वीडियो वायरल करने का दावाशिकायत में पीड़िताओं ने आरोप लगाया है कि मारपीट के दौरान उनके कपड़े फाड़े गए और पूरी घटना का वीडियो बनाया गया। इसके बाद कथित तौर पर वीडियो को Instagram पर अपलोड कर सोशल मीडिया पर प्रसारित किया गया। पीड़िताओं का कहना है कि इस घटना के बाद वे मानसिक रूप से बेहद परेशान हैं।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि आरोपी उन्हें धमकी दे रहे हैं कि वे जहां भी दिखाई देंगी, उनके साथ दोबारा मारपीट की जाएगी। इससे पीड़िताओं ने अपनी सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई है।कोतवाली पुलिस पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप
पीड़िताओं ने स्थानीय कोतवाली पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि घटना के बाद वे शिकायत दर्ज कराने थाने पहुंचीं, लेकिन तत्काल प्रभाव से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। शिकायत के मुताबिक, रात करीब 4 बजे उन्हें कथित रूप से डांट-फटकार कर थाने से बाहर भेज दिया गया। पीड़िताओं का यह भी आरोप है कि बार-बार गुहार लगाने के बावजूद उन्हें सुरक्षित घर तक छोड़ने की व्यवस्था नहीं की गई।एसपी से लगाई न्याय की गुहारदोनों बहनों ने पुलिस अधीक्षक को आवेदन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई, अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा सोशल मीडिया पर प्रसारित कथित आपत्तिजनक वीडियो को हटवाने की मांग की है।हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि समाचार लिखे जाने तक नहीं हो सकी है। पुलिस की जांच और दोनों पक्षों के बयान के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
