
(प्रतीक पाठक नर्मदापुरम)
पीली खंती क्षेत्र में हुई दिल दहला देने वाली दोहरी हत्या के मामले में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश नर्मदापुरम की अदालत ने आरोपी जीतू जरिया को कड़ी सजा सुनाई है। न्यायालय ने भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 103 के अंतर्गत दो शीर्षों में दोषी पाते हुए आरोपी को क्रमशः दोहरा आजीवन कारावास एवं प्रत्येक अपराध में 5-5 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
उप निदेशक लोक अभियोजन गोविंद शाह ने बताया कि यह घटना 20 अप्रैल 2025 की है। फरियादी लियांसी मौर्य अपनी मां पूजा, बहन पल्लवी और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ मालवीय अस्पताल के पीछे स्थित घर के सामने मौजूद थीं। इसी दौरान आरोपी जीतू जरिया ने बाथरूम का गेट तोड़कर बाहर निकलते हुए विवाद खड़ा किया और मकान व बाथरूम को अपनी जमीन पर बना होने का आरोप लगाते हुए खाली करने की धमकी दी।
इसके बाद आरोपी घर से लोहे की कुल्हाड़ी लेकर आया और पूजा पर सिर पर वार किया, जिससे वह मौके पर ही गिर पड़ीं। इसके बाद आरोपी ने पल्लवी के बाल पकड़कर घसीटते हुए पास के मकान के गेट के सामने ले जाकर उस पर भी कुल्हाड़ी से जानलेवा हमला किया। बीच-बचाव करने आई फरियादी और उसके छोटे भाई को भी आरोपी ने जान से मारने की कोशिश की। गंभीर चोटों के कारण पूजा और पल्लवी की मौके पर ही मौत हो गई।
अभियोजन पक्ष द्वारा न्यायालय में 23 गवाहों के बयान कराए गए, जिनके आधार पर आरोपी का अपराध प्रमाणित हुआ। न्यायालय ने मृतका पूजा की अवयस्क संतानों को 75-75 हजार रुपये की प्रतिकर राशि प्रदान करने का आदेश भी दिया। प्रकरण में शासन की ओर से सहायक निदेशक राजकुमार नेमा, जिला अभियोजन संचालनालय नर्मदापुरम द्वारा सशक्त पैरवी की गई, जिसके परिणामस्वरूप आरोपी को कठोर सजा मिली।
